मेरी अनुभूति - मेरी कविताएँ...

सोमवार, 2 जून 2014

    जी लेते चन्द लम्हों में ये जिंदगी अगर वो लम्हे  चन्द तेरी नूर ए दीद में होते  
प्रस्तुतकर्ता Manisha Srivastva पर 11:20 pm 1 टिप्पणी:
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© Meri Anubooti (merianubhooti.blogspot.com), 2016. वाटरमार्क थीम. TayaCho के थीम चित्र. Blogger द्वारा संचालित.